
इंदौर/भोपाल/जबलपुर। इंडिगो एयरलाइन की उड़ाने लगातार कैंसिल होने से देश के साथ मध्यप्रदेश में भी हज़ारों यात्री प्रभावित हुए। चार दिनों में ‘इंडिगो’ देशभर में अपनी 1700 से ज्यादा फ्लाइट्स कैंसिल कर चुकी है। इसका बड़ा असर इंदौर, भोपाल और जबलपुर के एयरपोर्ट पर भी देखने को मिला। प्रदेश में अब तक 65 से अधिक उड़ानें रद्द हो चुकी हैं।
इस अव्यवस्था से इंदौर एयरपोर्ट पर यात्रियों की लंबी कतार लगी और अफरा-तफरी का माहौल रहा। बच्चों और बुजुर्गों को घंटों फर्श पर बैठकर इंतजार करना पड़ा। यात्रियों ने आरोप लगाया कि इंडिगो का ग्राउंड स्टाफ न तो जवाब दे रहा है और न कोई स्पष्ट व्यवस्था बता रहा है। हजारों लोगों को पूरी रात एयरपोर्ट पर ही गुजारनी पड़ी। इस बीच अन्य एयरलाइंस ने मौके का फायदा उठाते हुए किराया चार से पांच गुना तक बढ़ा दिया, इससे समस्या और बढ़ गई।
भोपाल एयरपोर्ट में 18 उड़ानें रद्द होने से यात्रियों का धैर्य टूट गया। यहां 41 हज यात्रियों का समूह भी एयरपोर्ट पर फंसा रहा। वहीं जबलपुर में करीब 10 फ्लाइट्स अचानक बंद होने से 900 से अधिक यात्री प्रभावित हुए और एयरलाइन पर मनमानी का आरोप लगाया। आज (6 दिसंबर) को इंदौर-पुणे और पुणे-भोपाल की दो फ्लाइट्स भी रद्द कर दी गईं। कई यात्रियों ने शिकायत की कि 6 हजार रुपए का टिकट बढ़कर 30 से 35 हजार तक पहुंच गया, वह भी बिना यात्रा की गारंटी के। इंडिगो ने बयान जारी कर वैकल्पिक व्यवस्था की बात कही है। लेकिन, यात्रियों का आरोप है एयरलाइन ओनरशिप नहीं ले रही, सिर्फ कैंसिलेशन बताकर रिफंड लेने को कह रही है।
