
गोवा । गोवा के उत्तरी भाग में स्थित अर्पोरा गांव में नाइट क्लब में देर रात हुई आग की भयावह दुर्घटना के बाद मौत का मंजर देख हॉस्पिटल स्टाफ भी दहल गया।
विस्तृत जानकारी अनुसार पर्यटन की चमक के लिए प्रसिद्ध गोवा का माहौल शनिवार की आधी रात दहशत में बदल गया। उत्तर गोवा के अर्पोरा गांव स्थित प्रख्यात नाइटक्लब “Birch by Romeo Lane” में किचन एरिया में गैस सिलेंडर ब्लास्ट के बाद लगी भीषण आग ने देखते ही देखते पूरे क्लब को अपने आगोश में ले लिया। घटना में 25 लोगों की दर्दनाक मौत की ख़बर है।
पुलिस के अनुसार हादसा रात 12:04 बजे हुआ, जब स्टाफ किचन में काम कर रहा था। धमाका इतना ज़ोरदार था कि आसपास के इलाके तक कंपन महसूस किए गए। आग तेजी से क्लब के बेसमेंट, ग्राउंड फ्लोर और स्टाफ ज़ोन तक फैल गई, जहाँ अधिकांश कर्मचारी मौजूद थे, और उन्हीं में से ज्यादातर की मौत हुई।
हादसे का भयावह परिणाम
प्राप्त जानकारी अनुसार क़रीब 25 लोगों की मृत्यु हुई हैं। जिनमें 22 पुरुष, 3 महिलाएं, इनमें 3–4 पर्यटक भी शामिल बताए जा रहे हैं।
मौत का कारण
3 की मौत जलने से,
बाकी दम घुटने से
घायलों का उपचार जारी
शवों तथा घायलों को बंबोलिम मेडिकल कॉलेज भेजा गया है। राहत एवं बचाव कार्य रातभर जारी रहा।
एक नज़दीकी रेस्टोरेंट के सिक्योरिटी गार्ड के अनुसार: “पहले लगा किसी गाड़ी का टायर फटा है, लेकिन आवाज इतनी तेज थी कि पूरा इलाका कांप गया। बाहर निकलकर देखा तो क्लब आग की लपटों से घिर चुका था।”
प्राथमिक जांच में खुला बड़ा लापरवाही का मामला
मुख्यमंत्री डॉ. प्रमोद सावंत ने कहा कि शुरुआती जानकारी के अनुसार क्लब ने फायर सेफ्टी नियमों का पालन नहीं किया था और उचित आपातकालीन निकासी मार्ग तथा सुरक्षा उपकरण उपलब्ध नहीं थे।
सीएम ने साफ कहा: “क्लब मैनेजमेंट और उन अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी जिन्होंने नियमों के उल्लंघन के बाद भी संचालन की अनुमति दी।”
PM और राष्ट्रपति ने दुख व्यक्त किया
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने घटना पर शोक व्यक्त करते हुए मृतकों के परिवारों को ₹2 लाख और घायलों को ₹50,000
प्रधानमंत्री राष्ट्रीय राहत कोष से देने की घोषणा की।
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने एक्स पर लिखा: “कई कीमती जीवनों के दुखद नुकसान से अत्यंत दुखी हूँ। परिवारों के प्रति संवेदना और घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की प्रार्थना।”
अधिकारियों की मौजूदगी और राहत कार्य
गोवा DGP आलोक कुमार घटनास्थल पर
पुलिस, फायर ब्रिगेड, एम्बुलेंस रातभर जुटी रहीं
क्षेत्र को सील कर फॉरेंसिक जांच शुरू
संबंधित क्लब और नाइटलाइफ संस्थानों की देशव्यापी सेफ्टी ऑडिट की मांग तेज
पर्यटन सीजन का सबसे काला दिन
गोवा में दिसंबर पर्यटन का चरम समय होता है। इस दौरान
25 से 50 से अधिक प्रमुख क्लब और सैकड़ों पब–बार रोज़ाना हज़ारों पर्यटकों की मेजबानी करते हैं।
यह हादसा गोवा के नाइटलाइफ रेगुलेशन पर एक बड़ी बहस खड़ी कर गया है।
यह केवल आग का हादसा नहीं
यह सुरक्षा मानकों की घोर अनदेखी और व्यावसायिक लालच की कीमत पर गई 25 ज़िंदगियों का हिसाब है।
सरकार ने उच्च स्तरीय जांच के आदेश दिए हैं और ज़िम्मेदारों पर कड़ी कार्रवाई का आश्वासन दिया है।