
धार। जिले में तेंदुओं की घटना आम बात हो गई। वहीं एक घटना कुक्षी के समीप ग्राम कुडदीगपुरा में आज सुबह हुई, जब नीम के पेड़ पर दो तेंदुए देखे गए। इनमें से एक तेंदुए को वन विभाग की टीम ने सुरक्षित रेस्क्यू कर लिया, जबकि दूसरा तेंदुआ पेड़ से कूदकर जंगल की ओर भाग गया। रेस्क्यू किए तेंदुए को कुत्तों के झुंड ने घायल भी कर दिया था, जिसका पशु चिकित्सक द्वारा उपचार किया गया।
जानकारी के मुताबिक, सुबह खेतों की ओर जा रहे ग्रामीणों को तेंदुए की गुर्राहट सुनाई दी। इसके बाद उन्होंने गांव के लोगों को इकट्ठा किया और वन विभाग को सूचना दी। ग्रामीणों ने देखा कि एक तेंदुआ नीम के घने पेड़ पर बैठा था, जबकि दूसरा पेड़ के नीचे एक खोह में घुसा था। तेंदुए को देखने के लिए ग्रामीण युवक और बच्चे मौके पर जमा हो गए।
सूचना मिलने पर वन विभाग की टीम तत्काल मौके पर पहुंची। टीम ऊपर चढ़े तेंदुए को रेस्क्यू करने की योजना बना ही रही थी, कि वह नीम के पेड़ से कूदकर जंगल में भाग गया। इसके बाद, वन विभाग की टीम ने नीम के पेड़ के नीचे खोह में घुसे दूसरे तेंदुए को सुरक्षित रेस्क्यू कर लिया।
कुत्तों ने किया घायल
कुक्षी वन विभाग के रेंजर शैलेंद्र सिंह सोलंकी ने बताया कि सुबह 11 बजे ग्रामीणों की सूचना पर टीम कुडदीगपुरा गांव पहुंची और रेस्क्यू किया। जिस तेंदुए को बचाया गया, उसे कुत्तों के झुंड ने घायल कर दिया था। दोनों तेंदुए की उम्र करीब 7 से 8 महीने बताई जा रही है।
अनुमान लगाया जा रहा है कि रात में कुत्तों के झुंड के भौंकने से डरकर तेंदुए के ये दोनों बच्चे गांव की ओर आ गए थे। इनमें से एक डर के मारे नीम के पेड़ पर चढ़ गया, जबकि दूसरा नीचे खोह में घुस गया। खोह में घुसे तेंदुए के बच्चे को कुत्तों ने थोड़ा घायल किया होगा।
