
भोपाल। प्रदेश में मौसम का मिजाज एक बार फिर बदल गया। मौसम का नया सिस्टम सक्रिय होने से फरवरी के महीने में तीसरी बार ओले और बारिश का दौर शुरू हुआ। बुधवार-गुरुवार की सेर रात भोपाल, इंदौर, ग्वालियर और उज्जैन समेत 20 से अधिक जिलों में गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ीं, जिससे ठिठुरन बढ़ गई।
राजधानी समेत कई जिलों में मौसम ने करवट ली। भोपाल में बादलों की गड़गड़ाहट के साथ करीब डेढ़ घंटे तक कभी रिमझिम तो कभी तेज बारिश हुई। ठंडी हवाओं के चलने से दिन के तापमान में गिरावट की संभावना जताई जा रही है। इंदौर में देर रात बारिश का जो दौर शुरू हुआ, वो सुबह तक जारी रहा। इस बदलाव से सर्दी एक बार फिर लौट आई।
ख़राब फसल का सर्वे होगा
इस बेमौसम बारिश और आंधी ने किसानों के माथे पर चिंता की लकीरें खींच दी। कई जिलों में खेतों में खड़ी फसलें नीचे आ गई, इससे दानों की गुणवत्ता और पैदावार पर बुरा असर पड़ने की आशंका है। कुछ इलाकों में ओलावृष्टि से भी नुकसान की खबरें हैं। प्रदेश के कृषि मंत्री एदल सिंह कंसाना ने किसानों को आश्वस्त करते हुए कहा है कि सरकार इस संकट की घड़ी में उनके साथ है। बारिश और ओलों से प्रभावित क्षेत्रों में फसलों के नुकसान का आकलन करने के लिए जांच के निर्देश जारी कर दिए हैं।
विभाग के अधिकारी प्रभावित खेतों का दौरा कर सर्वे करेंगे, ताकि नुकसान का सही आंकड़ा सामने आ सके। मंत्री ने कहा कि जहां-जहां भी ओलावृष्टि और तेज बारिश की वजह से फसलें आड़ी हुई है या दाने खराब हुए हैं, वहां नियमानुसार मुआवजा दिया जाएगा। उन्होंने प्रशासन को निर्देशित किया है कि सर्वे का काम पूरी पारदर्शिता के साथ जल्द से जल्द पूरा किया जाए, ताकि किसानों को राहत राशि मिलने में देरी न हो।
खजुराहो सबसे ठंडा, तापमान 9.2°C
प्रदेश में खजुराहो सबसे ठंडा रहा, जहां न्यूनतम तापमान 9.2°C दर्ज किया गया। इसके अलावा राजगढ़ (10.0°C) और पचमढ़ी (10.2°C) में भी कड़ाके की ठंड महसूस की गई। इन जिलों में हुई बारिश: मौसम विभाग के अनुसार भोपाल, दतिया, गुना, ग्वालियर, इंदौर, रतलाम, श्योपुर, उज्जैन, धार, विदिशा, बड़वानी, आगर-मालवा, शाजापुर, मुरैना, छतरपुर, शिवपुरी, सीहोर और मंदसौर जैसे जिलों में बारिश दर्ज की गई है।
8 जिलों में बारिश का अंदेशा
20 फरवरी को ग्वालियर, चंबल और सागर संभाग के 8 जिलों में बारिश का अलर्ट है। इन इलाकों में कई जगह बिजली भी गिर सकती है।
21 फरवरी को मौसम साफ रहेगा, लेकिन सर्दी का असर दिखाई देगा। कहीं भी बारिश या आंधी का अलर्ट नहीं है।
