
इंदौर। पड़ौसी जिले धार के नेशनल हाईवे पर स्थित धामनोद में अवैध महुआ फूल के परिवहन के खिलाफ वन विभाग ने सख्त कार्रवाई की। विभाग ने एक वाहन भी जब्त कर लिया। वन विभाग की उड़नदस्ता टीम ने ढाल सब रेंज हाईवे पर घेराबंदी कर संदिग्ध वाहन छोटा हाथी (एमपी 46 जी 1969) को रोककर जांच की।
तलाशी के दौरान वाहन में बड़ी मात्रा में लघु वन उपज (महुआ फूल) पाया गया। चालक से परिवहन संबंधी वैध दस्तावेज मांगे गए, लेकिन वह कोई अनुमति पत्र प्रस्तुत नहीं कर सका। इसके बाद तत्काल सूचना रेंज ऑफिसर (आरओ) धामनोद को दी गई और वाहन को जब्त कर वन विभाग की अभिरक्षा में ले लिया गया।
महुआ फूल के साथ एक गिरफ्तार
प्रारंभिक जांच में सामने आया कि महुआ फूल को मानपुर की ओर ले जाया जा रहा था। अवैध परिवहन की पुष्टि होने पर एक आरोपी को मौके से गिरफ्तार किया गया। बताया जा रहा है कि आरोपी के विरूद्ध बायो सिटी एक्ट अधिनियम के तहत प्रकरण दर्ज कर विस्तृत जांच शुरू कर दी गई है।
लघु वनोपज और जैव विविधता पर मंडराता खतरा
हाल ही में इंदौर वनवृत क्षेत्र में दुर्लभ जड़ी-बूटियों की तस्करी की आशंका की खबरें सामने आई है। सूत्रों के अनुसार जड़ी-बूटी माफिया सक्रिय हैं, जिससे जैव विविधता को नुकसान पहुंचने की संभावना बढ़ गई। कुछ मामलों में विभागीय संरक्षण के आरोप भी चर्चा में आए। इसके अलावा अंतर्राज्यीय तस्करी के भी संकेत मिले हैं। सूत्रों का दावा है कि इंदौर क्षेत्र में अंतर्राज्यीय दुर्लभ जड़ी-बूटी और मूक प्राणी तस्कर सक्रिय हो चुके हैं। जानकारी के अनुसार मुंबई की तरफ जाने वाली स्लीपर कोच बसों के जरिए तस्करी की आशंका जताई जा रही है। हाल ही में धार में बस से मूक प्राणी तस्करी का भंडाफोड़ हुआ था, हालांकि बस को जब्त नहीं किया था।
इस बारे में डीएफओ विजययानंतम टी आर का कहना है कि लघु वनोपज के परिवहन के वाहन को राजसात करने का अधिकार वन विभाग का नहीं है। वन विभाग लघु वनोपज को पकड़कर उसे पर जुर्माना लगाता है। जुर्माना भरकर वह पकड़ी गई सामग्री ले जा सकता है।
