
इंदौर। शहर की प्रमुख सड़क निर्माण कंपनियों पर शुक्रवार सुबह आयकर विभाग ने बड़ी कार्रवाई की। सपना-संगीता रोड और बिचौली क्षेत्र स्थित दफ्तरों सहित इंदौर में कई ठिकानों पर एक साथ सर्च ऑपरेशन शुरू हुआ। यह कंपनियां नगर निगम समेत विभिन्न शासकीय विभागों के लिए सड़क और इंफ्रास्ट्रक्चर से जुड़े कार्य करती हैं।
आयकर विभाग की अलग-अलग टीमों ने प्रकाश एस्फाल्टिंग एंड टोल हाईवे प्राइवेट लिमिटेड, आयुष अजय कंस्ट्रक्शन, पीडी अग्रवाल इंफ्रास्ट्रक्चर प्राइवेट लिमिटेड और बीआर गोयल इंफ्रास्ट्रक्चर प्राइवेट लिमिटेड से जुड़े करीब 20 परिसरों पर दबिश दी है। सुबह से ही दस्तावेजों की जांच, डिजिटल डेटा खंगालने और लेन-देन से जुड़े रिकॉर्ड की पड़ताल की जा रही है। कार्रवाई को लेकर विभागीय अधिकारी फिलहाल कुछ भी कहने से बच रहे हैं। लेकिन, माना जा रहा है कि टैक्स चोरी और वित्तीय अनियमितताओं की आशंका के चलते यह सर्च की जा रही है। आयकर विभाग की टीमें इन ठिकानों पर पहुंचीं और कार्रवाई शुरू की। इस दौरान दस्तावेजों और डिजिटल डेटा की विशेष रूप से जांच की जा रही है।
बीआर गोयल इंफ्रास्ट्रक्चर लिमिटेड इंदौर की एक प्रमुख निर्माण और इंफ्रास्ट्रक्चर कंपनी है। कंपनी की स्थापना 1986 में हुई थी। 2005 में यह प्राइवेट लिमिटेड बनी और बाद में पब्लिक लिमिटेड कंपनी में परिवर्तित हुई। यह कंपनी सड़क, राजमार्ग, पुल और इमारतों के निर्माण के साथ-साथ आरएमसी (रेडी मिक्स कंक्रीट) की आपूर्ति, टोल कलेक्शन और इंदौर में बीआरजी हिल व्यू जैसे आवासीय प्रोजेक्ट्स का संचालन करती है। इसके अलावा कंपनी देशभर में अलग-अलग इंफ्रास्ट्रक्चर परियोजनाओं में सक्रिय है। आयकर विभाग को कंपनी के कामकाज, बड़े पैमाने पर लेन-देन और टैक्स में गड़बड़ी से संबंधित सूचनाएं मिली थीं। इसी के आधार पर शुक्रवार सुबह सर्वे की कार्रवाई शुरू की गई। फिलहाल कार्रवाई जारी है।
