
धार। निसरपुर क्षेत्र के ग्राम कोठड़ा में शनिवार सुबह खेतों में वयस्क तेंदुए की मौजूदगी ने ग्रामीणों और किसानों में भय का माहौल बना दिया। कोटेश्वर रोड स्थित एक केले के बगीचे में तेंदुआ दिखाई देने के बाद खेतों में काम कर रहे लोग जान बचाकर बाहर भागे। सूचना मिलते ही वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और तेंदुए के पगमार्क की पुष्टि करते हुए क्षेत्र में सतर्कता बढ़ा दी है।
शनिवार सुबह करीब 9 बजे खेत मालिक जितेंद्र भागीरथ पटेल अपने मजदूरों के साथ बगीचे में पहुंचे थे। जैसे ही वे खेत के भीतर गए, सामने झाड़ियों के बीच वयस्क तेंदुआ दिखाई दिया। तेंदुए को देखते ही सभी लोग तुरंत खेत से बाहर निकल आए और इसकी सूचना स्थानीय लोगों को दी। कपिल गोस्वामी ने मौके पर पंजों के निशान देखे और वन विभाग को जानकारी दी। वन अमले ने मौके पर पहुंचकर निरीक्षण कर पंचनामा बनाया।
इलाके में वयस्क तेंदुए की मौजूदगी के बाद क्षेत्र के किसानों में भय के साथ और आक्रोश भी देखने को मिल रहा है। किसानों का कहना है कि बिजली विभाग द्वारा कृषि पंपों के लिए रात की शिफ्ट में बिजली दिए जाने से उन्हें अंधेरे में खेतों में जाना पड़ता है, जो अब जानलेवा साबित हो सकता है। जंगली जानवरों के खतरे के बीच रात में सिंचाई करना मजदूरों और किसानों के लिए बड़ी चुनौती बन गया है।
किसानों ने प्रशासन और बिजली कंपनी से मांग की है कि कृषि बिजली आपूर्ति दिन में की जाए, ताकि किसी अनहोनी से बचा जा सके। वहीं वन विभाग ने ग्रामीणों को रात में अकेले खेतों में न जाने, समूह में रहने और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की तुरंत सूचना देने की अपील की है।