
भोपाल। मध्यप्रदेश लोक सेवा आयोग (MPPSC) ने राज्य सेवा परीक्षा 2023 का बहुप्रतीक्षित अंतिम परिणाम जारी कर दिया है। लंबे इंतज़ार और न्यायिक प्रक्रिया के बाद आए इस परिणाम में जबलपुर के अजीत मिश्रा ने प्रदेश में पहला स्थान प्राप्त किया है। उन्हें कुल 1575 में से 966 अंक प्राप्त हुए हैं।
दूसरे स्थान पर भुवनेश चौहान (941.75 अंक) और तीसरे स्थान पर यशपाल स्वर्णकार (909.25 अंक) रहे। कुल 229 पदों पर भर्ती के लिए आयोजित इस परीक्षा का परिणाम आयोग ने 8 नवंबर की रात 7:30 बजे जारी किया।
महिलाओं का शानदार प्रदर्शन
इस बार भी महिलाओं ने अपनी योग्यता और परिश्रम से उल्लेखनीय सफलता हासिल की है।
कुल 19 डिप्टी कलेक्टर पदों में से 6 पद महिलाओं के लिए आरक्षित थे, परंतु उन्होंने 13 पदों पर अपने बलबूते चयन सुनिश्चित किया।
टॉप 10 की सूची में तीन प्रतिभाशाली महिलाएँ — प्रिया अग्रवाल, अर्पिता राय और अदिति जैन शामिल रहीं।
यह उपलब्धि प्रदेश में महिला अभ्यर्थियों की बढ़ती प्रतिस्पर्धा और सशक्त उपस्थिति का सशक्त प्रमाण मानी जा रही है।
लंबी कानूनी प्रक्रिया के बाद घोषित हुआ परिणाम
राज्य सेवा परीक्षा 2023 का परिणाम कई कानूनी उलझनों और विवादों से गुजरने के बाद जारी हुआ है।
प्रारंभिक परीक्षा दिसंबर 2023 में आयोजित की गई थी।
मुख्य परीक्षा 11 से 16 मार्च 2024 के बीच संपन्न हुई।
साक्षात्कार प्रक्रिया 7 जुलाई से 7 अगस्त 2025 के बीच पूरी की गई।
प्रारंभिक परीक्षा के दो प्रश्नों को लेकर उठे विवाद के चलते परिणाम में विलंब हुआ। आयोग ने मई 2024 में इस पर रिट अपील दायर कर परिणाम पर स्थगन (स्टे) ले लिया था।
जबलपुर उच्च न्यायालय में हुई अंतिम सुनवाई के बाद 7 नवंबर 2025 को निर्णय सुनाया गया, जिसके उपरांत आयोग ने तत्परता से अगले ही दिन परिणाम घोषित किया।
टॉपर्स की सूची
रैंक नाम श्रेणी कुल अंक
1. अजीत मिश्रा EWS 966
2. भुवनेश चौहान, सामान्य 941.75
3. 3 .यशपाल स्वर्णकार, सामान्य 909.25
4. अभिषेक जैन, सामान्य 889.25
5. अनुराग गुर्जर, ओबीसी 888.25
6. प्रिया अग्रवाल , सामान्य 885
7. अर्पिता राय सामान्य, 869.50
8. सूरज सिंह सामान्य, 862.50
9. कल्पेश सिंह ओबीसी, 862
10. अदिति जैन सामान्य, 861.75
आयोग की पारदर्शिता और सख्ती पर जोर
एमपीपीएससी ने परिणाम जारी करते हुए यह स्पष्ट किया कि चयन प्रक्रिया पूर्ण पारदर्शिता और निष्पक्षता के साथ की गई है।
आयोग ने यह भी कहा कि भविष्य में परीक्षाओं की प्रक्रिया को और अधिक तकनीकी रूप से सुदृढ़ बनाया जाएगा ताकि किसी भी प्रकार की देरी या विवाद की संभावना न्यूनतम रहे।
अभ्यर्थियों के लिए प्रेरणा
राज्य सेवा परीक्षा में सफलता प्राप्त करने वाले उम्मीदवारों ने अपने अनुशासन, लगन और आत्मविश्वास से यह सिद्ध किया है कि परिश्रम ही सफलता की कुंजी है।
अजीत मिश्रा की उपलब्धि न केवल व्यक्तिगत गौरव है, बल्कि यह समस्त अभ्यर्थियों के लिए प्रेरणास्रोत भी बन गई है।