
रतलाम/उज्जैन। कर्नाटक के राज्यपाल थावरचंद गहलोत के पोते देवेंद्र गहलोत की पत्नी दिव्या गहलोत ने अपने ससुराल पर दहेज उत्पीड़न, घरेलू हिंसा, हत्या की कोशिश और अपहरण जैसे गंभीर आरोप लगाकर सनसनी फैला दी। दिव्या ने रतलाम पुलिस अधीक्षक अमित कुमार से शिकायत में बताया कि 2018 में विवाह के बाद उन्हें पता चला कि पति को शराब और ड्रग्स की लत है। वह अन्य महिलाओं से भी संबंध रखते हैं। उनका कहना है कि उन्हें उज्जैन जिले के नागदा स्थित ससुराल में जबरन रखा गया और लगातार मानसिक व शारीरिक प्रताड़ना दी गई।
दिव्या ने आरोप लगाया कि उनके ससुर पूर्व विधायक जितेंद्र गहलोत, देवर विशाल, दादी सास अनीता और पति देवेंद्र गहलोत द्वारा 50 लाख रुपए दहेज की लगातार मांग की जा रही थी। यह शादी मुख्यमंत्री कन्यादान योजना के तहत ताल (आलोट) में हुई थी, जिसमें कई बड़े राजनेता मौजूद थे।
दिव्या के अनुसार, 2021 में प्रेग्नेंसी के दौरान उत्पीड़न और बढ़ गया। उन्हें खाना तक नहीं दिया जाता था और मारपीट की घटनाएँ बढ़ती गईं। 2019 में सुलह की कोशिशें असफल रहीं। दिव्या का दावा है कि 26 जनवरी की रात पति ने नशे में छत से धक्का देकर हत्या की कोशिश की, जिसमें उन्हें रीढ़, कंधे और कमर में गंभीर चोटें आईं। उपचार में भी लापरवाही बरती गई और अगले दिन उन्हें निजी अस्पताल ले जाया गया, जहां से इंदौर रेफर किया गया।
सबसे गंभीर आरोप बेटी को लेकर है। दिव्या ने कहा कि उनकी 4 साल की बच्ची को ससुराल पक्ष ने जबरन अपने पास रखा और मिलने तक नहीं दिया जा रहा। रतलाम एसपी ने शिकायत उज्जैन पुलिस को अग्रेषित की है। पूर्व विधायक जितेंद्र गहलोत ने कहा कि आरोप निराधार हैं, हम मीडिया के सामने तथ्य रखेंगे।